देशभर में आज मनाया जा रहा है रामनवमी का त्‍योहार, पश्चिम बंगाल से उत्तर प्रदेश तक सुरक्षा के कड़े इंतजाम

देशभर में आज रामनवमी का त्‍योहार मनाया जा रहा है. इसे लेकर सुरक्षा के भी पुख्‍ता बंदोबस्‍त किए गए हैं. पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और महाराष्‍ट्र सहित कई राज्‍यों में पुलिस प्रशासन सतर्क है. किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए कड़े बंदोबस्‍त किए गए हैं. धार्मिक आयोजनों के दौरान रंग में भंग न पड़े, इसलिए कई राज्‍यों में तेज आवाज में डीजे बजाने, रैलियों के आयोजन और भड़काने वाली गतिविधियों पर सख्‍ती से पाबंदी लगाई गई है. साथ ही संवेदनशील इलाकों में सुरक्षाबलों की अतिरिक्‍त तैनाती है. साथ ही कई जगह ड्रोन और सीसीटीवी के जरिये निगरानी की जा रही है. आइए जानते हैं कैसे हैं सुरक्षा इंतजाम. 

Add image caption here

Add image caption here

पश्चिम बंगाल

रामनवमी को लेकर पश्चिम बंगाल में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था है. हाल के वर्षों में पश्चिम बंगाल में रामनवमी के दौरान समूहों के बीच झड़प होने की खबरें आई हैं. ऐसे में पुलिस का सुरक्षा के पुख्‍ता इंतजाम का दावा है. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कोलकाता में कम से कम 60 यात्राएं निकाले जाने की संभावना है और यात्रा मार्गों पर निगरानी रखने के लिए उपायुक्त और संयुक्त पुलिस आयुक्त स्तर के अधिकारियों की निगरानी में 3,500 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे. उन्होंने बताया कि यात्राओं पर नजर रखने के लिए ड्रोन और सीसीटीवी के जरिये निगरानी की जाएगी, साथ ही एंटाली, कोसीपोर, खिदरपुर और चितपोर जैसे शहर के विभिन्न हिस्सों में त्वरित प्रतिक्रिया दल के वाहन तैनात किए जाएंगे.

वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी हावड़ा, हुगली, उत्तर 24 परगना, पश्चिम बर्धमान के आसनसोल, पूर्व बर्धमान, मालदा, मुर्शिदाबाद, जलपाईगुड़ी और सिलीगुड़ी के कुछ हिस्सों में स्थिति की निगरानी करेंगे.  

अगले वर्ष होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले न केवल भाजपा और अन्य दक्षिणपंथी हिंदू समूहों द्वारा बल्कि राज्य में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) द्वारा भी रामनवमी पर यात्रा निकालने की घोषणा की गई है. 

Latest and Breaking News on NDTV

उत्तर प्रदेश 

उत्तर प्रदेश में रामनवमी के अवसर पर कड़ी सुरक्षा व्‍यवस्‍था की गई है. यूपी में सबसे बड़ा आयोजन अयोध्‍या में होगा. इसे लेकर अयोध्या में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.  पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) अयोध्या रेंज प्रवीण कुमार ने बताया कि अयोध्या को अलग-अलग जोन और सेक्टर में बांटा गया है. उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए भारी वाहनों को पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से भेजा जाएगा. उन्होंने कहा कि महाकुंभ की तरह ही वैकल्पिक व्यवस्था भी की गई है. 

उन्होंने बताया, ‘‘सुरक्षा के लिए पीएसी (प्रादेशिक सशस्त्र कांस्टेबुलरी) और पुलिस के साथ अर्धसैनिक बलों को तैनात किया जाएगा. सरयू नदी के आसपास जल पुलिस, एनडीआरएफ (राष्ट्रीय आपदा मोचन बल) और एसडीआरएफ (राज्य आपदा मोचन बल) को अलर्ट पर रखा गया है.'' 

साथ ही उत्तर प्रदेश में आज रामनवमी के दिन पशु वध और मांस की बिक्री पूरी तरह बंद रहेगी. 

Latest and Breaking News on NDTV

महाराष्‍ट्र

मुंबई में पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं. मुंबई में रामनवमी के दिन किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो, इसके लिए भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती करने का फैसला लिया गया है. रामनवमी के मौके पर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बड़ी तैयारी करते हुए मुंबई पुलिस ने 13,580 जवानों को सड़क पर तैनात करने का फैसला किया है. इनमें 2,500 से ज्यादा अधिकारी और 11,000 पुलिस कर्मचारी शामिल हैं, जो रामनवमी के अवसर पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का काम करेंगे. मुंबई पुलिस ने सुरक्षा को लेकर खास ध्यान रखा है और शहर के विभिन्न हिस्सों में स्थिति को नियंत्रित करने के लिए 20 डीसीपी (उपायुक्त), 51 एसीपी (सहायक पुलिस आयुक्त) और एसआरपीएफ (स्टेट रिजर्व पुलिस फोर्स) की नौ टीमों को तैनात किया जाएगा. विशेषकर संवेदनशील इलाकों पर पुलिस की निगरानी और सुरक्षा बढ़ा दी जाएगी.

बिहार 

रामनवमी को लेकर बिहार पुलिस और राज्य भर की एजेंसियां शांतिपूर्ण उत्सव सुनिश्चित करने के लिए हाई अलर्ट पर हैं. सुरक्षा अभियान का मुख्य फोकस त्योहार के दौरान डीजे म्यूजिक पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने पर रहा है. स्पष्ट निर्देशों के बावजूद, कई व्यक्तियों ने प्रतिबंध का उल्लंघन किया है. पुलिस ने राज्यभर में बड़ी कार्रवाई की है, जिसमें 231 डीजे कंसोल जब्त किए गए हैं, जिनमें से 26 पटना के ही इलाके जैसे जक्कनपुर, कदमकुआं और सुलतानगंज से जब्त किए गए हैं. एक अधिकारी ने बताया कि भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और लाउडस्पीकर अधिनियम के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है. एफआईआर दर्ज की जा रही हैं और नियमों का पालन न करने वाले डीजे ऑपरेटरों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो रही है. 

हाल के वर्षों में बिहार के कुछ हिस्सों में धार्मिक जुलूसों के दौरान सांप्रदायिक तनाव और हिंसा की घटनाएं हुई हैं, जिनमें रामनवमी के जुलूस के दौरान पथराव की घटनाएं भी शामिल हैं. एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि वर्तमान सुरक्षा योजना में गश्त बढ़ाना, निगरानी, स्थानीय समुदायों के साथ समन्वय और जरूरत पड़ने पर रोकथाम की कार्रवाई शामिल है. पुलिस ने लोगों से सहयोग करने और रामनवमी को शांतिपूर्वक मनाने का आग्रह किया है.

झारखंड  

रामनवमी के मद्देनजर रांची, जमशेदपुर, गिरिडीह और हजारीबाग जैसे ‘‘संवेदनशील'' जिलों में पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है. एक अधिकारी ने बताया कि महत्वपूर्ण स्थानों पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरे, ड्रोन की तैनाती के साथ वीडियो कैमरे से लैस सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया है. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए उच्च स्तरीय बैठक की और अधिकारियों को त्योहार के दौरान ‘‘अफवाह फैलाने'' की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया.

सोरेन ने कहा, “विशेष ध्यान चिह्नित किए गए संवेदनशील क्षेत्रों पर होना चाहिए... हाल के वर्षों में रामनवमी के दौरान बाइक रैलियां आयोजित करने की एक नयी परंपरा उभरी है. किसी भी परिस्थिति में बाइक रैलियों की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए. ये जनता और आयोजकों के लिए सुरक्षा चुनौतियां पैदा करती हैं.”

विभिन्न स्थितियों से निपटने के संबंध में पुलिस की तैयारियों की निगरानी के लिए शुक्रवार और शनिवार को कई जिलों में ‘मॉक ड्रिल' भी की गई.

रांची के अपर जिला दंडाधिकारी (एडीएम) (विधि व्यवस्था) राजेश्वर नाथ आलोक ने बताया कि रामनवमी से पहले राज्य की राजधानी में 200 मजिस्ट्रेट और 2,000 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है.

उन्होंने बताया, “650 स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, इसके अलावा 10 ड्रोन कैमरे भी लगाए गए हैं, जो पिछले तीन दिनों से लोगों की आवाजाही पर नजर रख रहे हैं.”

Hindi